Wednesday, February 28, 2024
Homeछत्तीसगढ़कोरबामुख्यमंत्री श्री बघेल ने विडियो काॅन्फ्रेंसिंग के माध्यम से जिले के सामुदायिक...

मुख्यमंत्री श्री बघेल ने विडियो काॅन्फ्रेंसिंग के माध्यम से जिले के सामुदायिक वन संसाधन अधिकार समितियों के अध्यक्षों को किया संबोधित..

कलेक्टर श्रीमती कौशल ने 34 सामुदायिक वन संसाधन अधिकार समितियों को प्रदान किया सामुदायिक वन संसाधन अधिकार पत्र



कोरबा 02 अक्टूबर 2020(bccnews24)/राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की 151वीं जयंती के अवसर पर आज राज्य के मुख्यमंत्री श्री भूपेश बधेल की अध्यक्षता में कार्यक्रम आयोजित किया गया। रायपुर से संचालित इस कार्यक्रम को मुख्यमंत्री श्री बघेल ने वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से सम्बोधित किया। मुख्यमंत्री श्री बघेल ने विडियो काॅन्फ्रेंसिंग के माध्यम से सामुदायिक वन संसाधन अधिकार समिति के अध्यक्षों और ग्राम के सरपंचो को संबोधित किया। जिला स्तर पर कोरबा जिले के वन अधिकार समिति के अध्यक्षों और सदस्यों के साथ कलेक्टर श्रीमती किरण कौशल, एडीएम श्री संजय अग्रवाल, जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री कुंदन कुमार, वनमण्डलाधिकारी कोरबा श्री एन. गुरूनाथन, वनमण्डलाधिकारी कटघोरा सुश्री शमा फारूखी, संयुक्त कलेक्टर श्रीमती सूर्यकिरण तिवारी और अन्य अधिकारी-कर्मचारी भी वीडियो कांफे्रंसिंग से इस कार्यक्रम में शामिल हुए। कलेक्टर श्रीमती कौशल ने कार्यक्रम में कोरबा जिले के 34 सामुदायिक वन संसाधन अधिकार समितियों को 26 हजार हेक्टेयर से अधिक भूमि के वन अधिकार मान्यता पत्र (पट्टे) वितरित किए गए। मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर  सभी सामुदायिक वन संसाधन अधिकार पत्र धारकों को अपनी बधाई एवं शुभकामनाएं दी और सामुदायिक वन संसाधन अधिकार पत्रों के तहत प्राप्त वन भूमि का उपयोग सामाजिक हित में करने की बात कही।
मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल ने वीडियो काॅन्फ्रेंसिंग के माध्यम से आयोजित सामुदायिक वन संसाधन अधिकार समितियों के अध्यक्षों को संबोधित करते हुए कहा कि जंगल के मालिक वहां के रहवासी वनवासी है। उन्हे उनके वन क्षेत्रों के लिए सामुदायिक वन संसाधन अधिकार पत्र दिये जा रहे है। यह सामुदायिक वन संसाधन अधिकार पत्र उनके सामाजिक और आर्थिक उत्थान का मार्ग प्रशस्त करेगा। उन्होने कहा कि आगामी वर्ष में वृक्षारोपण कार्यक्रम में अब फलदार पौधों के रोपण को प्राथमिकता दी जाएगी, जिससे वनांचल में रहने वाले हमारे आदिवासी समुदाय को आने वाले समय में रोजगार का साधन मिलेगा और उनकी आय में भी वृद्धि होगी। इसी तरह उन्होने स्वच्छता, स्वास्थ्य, कुपोषण के खिलाफ लड़ाई और पर्यावरण संरक्षण की दिशा में अनवरत कार्य करने का भी उल्लेख किया। कलेक्टर श्रीमती किरण कौशल ने बताया कि जिले में 103 सामूहिक वन संसाधन अधिकार पत्र वितरित किये जायेंगे। इन वन अधिकार मान्यता पत्रों से जिले के आदिवासी वनांचलों में रहने वाले लोगों को लगभग 72 हजार हेक्टेयर से अधिक भूमि का मालिकाना हक मिलेगा। इसमें अनुविभाग पोड़ी-उपरोड़ा के 52 ग्राम पंचायतों को मिलाकर जिले में कुल 77 ग्राम पंचायतों के 98 गांव लाभान्वित होंगे।

  • Krishna Baloon
RELATED ARTICLES
- Advertisment -

Most Popular