ब्रुसेल्स: यूरोपीय संघ (EU) ने 20 मई को रूस पर नया प्रतिबंध लगा दिया है। EU की शीर्ष अधिकारी काजा कैलास ने कहा कि रूस ने यूक्रेन पर हमले नहीं रोके हैं। इस वजह से रूस के खिलाफ प्रतिबंध लगाया गया है। उन पर और भी प्रतिबंध लगाने की तैयारी की जा रही है।
इससे पहले 14 मई को EU डिप्लोमैट्स ने रूस के खिलाफ 17वें प्रतिबंध पैकेज पर सहमति जताई थी। इसमें रूस के शैडो फ्लीट (तेल टैंकरों के बेड़े) को निशाना बनाने की बात की गई थी।
एक सीनियर EU अधिकारी ने मीडिया को बताया था कि रूस के लगभग 200 जहाज, 30 कंपनियां और रूसी मिलिट्री इंडस्ट्रियल कॉम्प्लेक्स से जुड़े 75 व्यक्तियों और संगठनों पर भी प्रतिबंध लगाए जाएंगे।
EU ने पुतिन के यूक्रेन शांति वार्ता में शामिल नहीं होने पर एक्शन लेने की धमकी दी थी।

यूरोपीय यूनियन की शीर्ष अधिकारी काजा कैलास ने रूस पर प्रतिबंध की घोषणा की।
रूसी प्रॉपर्टी जब्त करने का भी विचार कर रहे
मर्त्ज ने कहा- हम कानून के दायरे में रहते हुए रूसी संपत्तियों को जब्त करने पर भी विचार कर रहे हैं। अगर ऐसा किया जा सकता है, तो हम करेंगे। हालांकि हमें यूरोपीय मार्केट पर इससे होने वाले असर को भी ध्यान रखना होगा।
EU और G7 देशों के पास रूस की करीब 300 अरब डॉलर की प्रॉपर्टी फ्रीज है। इसमें से रूसी सेंट्रल बैंक के 198 अरब डॉलर रिजर्व बेल्जियम में जमा हैं।
यूरोपीय नेता रूसी प्रॉपर्टी को जब्त करने से हिचक रहे हैं, क्योंकि इससे यूरो और EU की बैंकिंग प्रणाली पर दूसरे देशों का भरोसा कम हो सकता है।
कल पुतिन और ट्रम्प ने फोन पर दो घंटे बात की
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने सोमवार रात यूक्रेनी राष्ट्रपति वोलोदिमिर जेलेंस्की और फिर उसके बाद रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन से फोन पर बात की थी।
रूस और यूक्रेन जंग पर ट्रम्प और पुतिन के बीच करीब 2 घंटे चर्चा हुई। पुतिन ने इस बातचीत को बहुत अच्छा बताया था। उन्होंने कहा कि अगर सही समझौते हो जाएं तो रूस-यूक्रेन में कुछ समय के लिए युद्धविराम मुमकिन है।
रूसी न्यूज एजेंसी तास के मुताबिक पुतिन ने कहा कि वे यूक्रेन के साथ शांति समझौते का मसौदा (ड्राफ्ट) बनाने के लिए तैयार हैं। संघर्ष की असल वजह को खत्म करना होगा।
वहीं जेलेंस्की और ट्रम्प के बीच कुछ मिनट की ही बातचीत हुई, अभी तक इसकी जानकारी सामने नहीं आई है।

(Bureau Chief, Korba)





