बिलासपुर : एसईसीएल ने टीबी एवं फेफड़ों की बीमारियों के लिए एआई-सक्षम मोबाइल मेडिकल यूनिट परियोजना हेतु किया समझौता

              • कोरबा जिले में ‘प्रोजेक्ट SHWAS’ के क्रियान्वयन के लिए ₹4.99 करोड़ की सीएसआर सहायता मंजूर

              बिलासपुर (BCC NEWS 24): सार्वजनिक स्वास्थ्य सेवाओं को सुदृढ़ करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए साउथ ईस्टर्न कोलफील्ड्स लिमिटेड (एसईसीएल) ने टीबी एवं अन्य फेफड़ों से संबंधित रोगों की रोकथाम एवं उपचार हेतु ‘प्रोजेक्ट SHWAS’ के क्रियान्वयन के लिए आश्रय फाउंडेशन के साथ एक समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर किए। यह परियोजना एसईसीएल की कॉर्पोरेट सामाजिक उत्तरदायित्व (सीएसआर) पहल के अंतर्गत कोरबा जिले में संचालित की जाएगी, जिसके लिए ₹4.99 करोड़ की वित्तीय सहायता प्रदान की जा रही है। एमओयू पर हस्ताक्षर एसईसीएल मुख्यालय में निदेशक (मानव संसाधन) श्री बिरंची दास की गरिमामयी उपस्थिति में संपन्न हुए। इस अवसर पर एसईसीएल की ओर से श्री सी. एम. वर्मा, महाप्रबंधक (सीएसआर) तथा आश्रय फाउंडेशन की ओर से श्री नलिन जोहरी, कार्यकारी निदेशक ने एमओयू का आदान-प्रदान किया। कार्यक्रम में एसईसीएल के सीएसआर विभाग के वरिष्ठ अधिकारी भी उपस्थित रहे।

              प्रोजेक्ट SHWAS छत्तीसगढ़ राज्य में अपनी तरह की पहली एआई-आधारित मोबाइल मेडिकल यूनिट परियोजना होगी, जिसके माध्यम से टीबी एवं अन्य फेफड़ों की बीमारियों की घर-घर जाकर जांच, शीघ्र पहचान तथा उपचार से जोड़ने की सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी। परियोजना के अंतर्गत निवारक, संवर्धनात्मक एवं ओपीडी आधारित स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान की जाएंगी, जिससे समय पर उपचार सुनिश्चित किया जा सकेगा। परियोजना के प्रमुख घटकों में प्री-टीबी लक्षणों का प्रारंभिक उपचार एवं प्राथमिक चिकित्सा सहायता, उपचार अनुपालन की निगरानी एवं फॉलो-अप, टीबी रोगियों के लिए देखभाल एवं स्वच्छता किट, मासिक पोषण एवं वेलनेस किट के साथ-साथ मानसिक स्वास्थ्य परामर्श सेवाएं भी शामिल हैं।


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