रायपुर (BCC NEWS 24): भारत निर्वाचन आयोग ने तमिलनाडु में आगामी विधानसभा चुनावों के लिए चुनावी तैयारियों की व्यापक समीक्षा की ।मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) श्री ज्ञानेश कुमार ने चुनाव आयुक्त डॉ. सुखबीर सिंह संधू और डॉ. विवेक जोशी के साथ चेन्नई में आयोजित समीक्षा बैठक में तैयारियों का विस्तृत आकलन किया समीक्षा के दौरान आयोग ने मान्यता प्राप्त राष्ट्रीय एवं राज्यीय राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों के साथ संवाद कर उनके सुझाव प्राप्त किए। इनमें आम आदमी पार्टी, बहुजन समाज पार्टी, भारतीय जनता पार्टी, भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (मार्क्सवादी), इंडियन नेशनल कांग्रेस, नेशनल पीपुल्स पार्टी, अखिल भारतीय अन्ना द्रविड़ मुनेत्र कड़गम (AIADMK), देसिया मुरपोक्कु द्रविड़ कड़गम (DMDK), द्रविड़ मुनेत्र कड़गम (DMK), नाम तमिलर काची (NTK) तथा विदुथलाई चिरुथिगल काची (VCK) शामिल रहे।
अधिकांश राजनीतिक दलों ने मतदाता सूचियों के विशेष गहन पुनरीक्षण के शांतिपूर्ण एवं सुव्यवस्थित संचालन हेतु आयोग के प्रयासों की सराहना की। साथ ही, चुनाव के दौरान धनबल एवं मुफ्त उपहारों के वितरण पर प्रभावी नियंत्रण हेतु कड़े कदम उठाने का सुझाव दिया गया। कुछ दलों ने उड़न दस्तों की संख्या बढ़ाने का भी आग्रह किया।कुछ राजनीतिक दलों द्वारा चुनाव कार्यक्रम निर्धारित करते समय आगामी त्योहारों को ध्यान में रखने का सुझाव भी दिया गया।
मुख्य चुनाव आयुक्त श्री ज्ञानेश कुमार ने सभी सुझावों पर विचार करने का आश्वासन देते हुए कहा कि चुनाव हमेशा कानून के अनुरूप स्वतंत्र, निष्पक्ष एवं पारदर्शी ढंग से संपन्न कराए जाते हैं। राजनीतिक दलों के साथ बैठक के पश्चात आयोग ने प्रवर्तन एजेंसियों के प्रमुखों/नोडल अधिकारियों, आईजी, डीआईजी, जिला निर्वाचन अधिकारियों तथा पुलिस अधीक्षकों के साथ चुनाव योजना, ईवीएम प्रबंधन, लॉजिस्टिक्स, प्रशिक्षण, जब्ती, कानून-व्यवस्था, मतदाता जागरूकता एवं आउटरीच गतिविधियों की विस्तृत समीक्षा की।आयोग ने सभी संबंधित अधिकारियों को पूर्ण निष्पक्षता के साथ कार्य करने तथा प्रलोभन से संबंधित गतिविधियों पर सख्ती से नियंत्रण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
इसके अतिरिक्त, जिला निर्वाचन अधिकारियों एवं पुलिस अधीक्षकों को मतदान केंद्रों पर मतदाताओं की सुविधा एवं सुगम पहुंच सुनिश्चित करने, अधिकारियों को प्रभावी प्रशिक्षण प्रदान करने तथा चुनावी प्रक्रियाओं के प्रति व्यापक जन-जागरूकता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।आयोग ने यह भी स्पष्ट किया कि चुनाव संचालन से संबंधित कानूनों, नियमों एवं निर्देशों के पालन में किसी भी प्रकार की लापरवाही या विचलन के प्रति ‘जीरो-टोलरेंस’ की नीति अपनाई जाएगी तथा सभी अधिकारियों को बिना किसी भय या पक्षपात के कार्य करने के निर्देश दिए गए हैं।

(Bureau Chief, Korba)




