बिहान योजना से बदली ग्रामीण महिलाओं की तकदीर
रायपुर (BCC NEWS 24): बस्तर जिले के ग्राम कालीपुर की रहने वाली उच्च शिक्षित पुष्पलता नागे ने आत्मनिर्भरता और महिला सशक्तिकरण की एक प्रेरक मिसाल पेश की है। स्नातकोत्तर तक की पढ़ाई पूरी करने के बाद जब उन्हें नौकरी नहीं मिली, तो उन्होंने खुद का व्यवसाय स्थापित करने का संकल्प लिया। शुरुआती दौर में जब वे पूंजी के लिए बैंकों के चक्कर लगा रही थीं, तो गारंटर न होने के कारण उन्हें निराशा हाथ लगी। ऐसे मुश्किल वक्त में प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के ‘लखपति दीदी’ अभियान के दूरदर्शी विजन और छत्तीसगढ़ में मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में महिला सशक्तिकरण की योजनाओं के जमीनी क्रियान्वयन ने पुष्पलता को नई दिशा दी।
शासन के सहयोग से संचालित स्व-सहायता समूह से जुड़कर पुष्पलता को महज 60 हजार रुपए का सुलभ और रियायती ऋण प्राप्त हुआ, जिसने उनकी किस्मत बदल दी। इस छोटी सी पूंजी का सदुपयोग करते हुए उन्होंने आधुनिक तरीके से उन्नत खेती की शुरुआत की। खेती से हुए मुनाफे को आगे बढ़ाते हुए उन्होंने कुक्कुट पालन का काम शुरू किया और फिर अपने कारोबार का विस्तार बड़े पैमाने पर मत्स्य पालन तक कर दिया।
कड़ी मेहनत और सरकार की जनहितैषी नीतियों के बल पर आज पुष्पलता सालाना पांच से सात लाख रुपये की आमदनी अर्जित कर रही हैं। वे न केवल अपने परिवार को सम्मानजनक जीवन दे रही हैं, बल्कि बस्तर के सुदूर अंचल में आत्मनिर्भर भारत की सशक्त पहचान बन चुकी हैं। पुष्पलता अपनी इस ऐतिहासिक सफलता का श्रेय केंद्र और राज्य सरकार की योजनाओं को देते हुए अन्य ग्रामीण महिलाओं को भी प्रेरित कर रही हैं कि वे शासन की ‘लखपति दीदी’ जैसी योजनाओं से जुड़ें और छोटे स्तर से शुरुआत कर आर्थिक रूप से स्वावलंबी बनें।

(Bureau Chief, Korba)







