उत्तर प्रदेश: लखनऊ के करोड़पति कारोबारी शिवा शर्मा हत्या की आरोपी लिवइन पार्टनर मॉडल श्रद्धा दुबे को मंगलवार को नागपुर से गिरफ्तार कर लिया गया है।
श्रद्धा पर 50 हजार का इनाम था। वह 11 दिन से फरार थी। दावा है कि वह लखनऊ से सीतापुर होते हुए बहराइच के रास्ते नेपाल पहुंच गई थी।
18 अक्टूबर को नेपाल से वापस यूपी लौट आई। उसने ANI न्यूज एजेंसी को इंटरव्यू दिया। श्रद्धा ने कहा-
मैंने शिवा की हत्या नहीं की है। शिवा मेरी आंखों के सामने बिल्डिंग की चौथी मंजिल से कूदा था।
श्रद्धा इंटरव्यू देकर चली गई, लखनऊ पुलिस पकड़ नहीं पाई। तब यूपी STF को लगाया गया। श्रद्धा की बहन और ड्राइवर दानिश को भी गिरफ्तार किया गया है। श्रद्धा ने पुलिसवालों से कहा- गाड़ी में आगे बैठ जाऊं। पीछे बैठने से सांस फूलती है।
यूपी STF चीफ अमिताभ यश ने बताया, श्रद्धा छोटे-छोटे लॉज में रह रही थी। वह बुर्के का इस्तेमाल कर रही थी। मोबाइल भी कम इस्तेमाल कर रही थी।
9 अक्टूबर को कारोबारी शिवा शर्मा की लखनऊ के अवध ग्रीन अपार्टमेंट की चौथी मंजिल से संदिग्ध परिस्थितियों में गिरकर मौत हो गई थी।
श्रद्धा की आखिरी लोकेशन आगरा मिली थी। वह बुर्के में CCTV में कैद हुई थी। सूत्रों के मुताबिक, मॉडल श्रद्धा, उसकी बहन रश्मि और ड्राइवर पहले कार से दिल्ली पहुंचे। इसके बाद तीनों ने वहां से फ्लाइट पकड़ी और नागपुर रवाना हो गए थे।
श्रद्धा दुबे ने कहां चूक की, कैसे पकड़ी गई, जानिए
नागपुर पुलिस ने श्रद्धा दुबे की गिरफ्तारी की जानकारी दी है। बताया कैसे कामयाबी मिली।
गाड़ी से मिला पहला सुराग: यूपी पुलिस से सूचना मिलने पर नागपुर क्राइम ब्रांच ने गणेशपेठ इलाके में तलाश की। यहां UP 78 FX 1678 नंबर की कार मिली।
ड्राइवर ने खोला राज: ड्राइवर ने बताया कि वह कानपुर के एक होटल से बुर्का पहने दो महिलाओं और एक पुरुष को लेकर नागपुर आया था। 19 अक्टूबर की शाम करीब 5 बजे तीनों कार से उतरकर ई-रिक्शा से चले गए।
CCTV से मिला ठिकाना: पुलिस ने 200 से 250 CCTV कैमरों की फुटेज खंगाली। ई-रिक्शा का पीछा करते हुए टीम चिंचभवन इलाके तक पहुंची।
AI से ट्रैकिंग, फिर गिरफ्तारी: 20 अक्टूबर को यूपी पुलिस की टीम नागपुर पहुंची। तकनीकी जानकारी और AI की मदद से लोकेशन ट्रैक की गई। इसके बाद यूपी पुलिस और नागपुर क्राइम ब्रांच ने बेलतरोड़ी क्षेत्र की ‘प्रोज़ोन काम’ सोसायटी से श्रद्धा दुबे, रश्मि दुबे और दानिश उर्फ तनवीर अली को गिरफ्तार कर लिया।

(Bureau Chief, Korba)





