बलौदाबाजार-भाटापारा: जिले के सुमाभाटा में 10 मवेशियों की मौत हो गई है। भाटापारा से लगे सुमाभाटा में किसी अज्ञात कृषि दुकानदार ने 3-4 दिन पहले एक्सपायरी दवाओं को खुले में फेंक दिया था। चारा चरते समय मवेशियों ने इन दवाईयों को खा लिया, जिससे उनकी जान चली गई। भाटापारा एसडीएम नरेंद्र बंजारा ने पशु चिकित्सकों को जांच के आदेश दिए हैं।
जानकारी के मुताबिक, देवरी-तरेंगा ग्राम के बीच सुमाभाटा से लगे खेत में जब किसान काम करने के लिए गए, तो उन्होंने 10 मवेशियों की लाश वहां देखी। साथ ही भारी मात्रा में एक्सपायरी कृषि दवाएं खुले में फेंकी हुई थीं। मृत मवेशियों के पास कुत्ते और गिद्ध मंडरा रहे थे। मरे हुए मवेशियों से दुर्गंध भी आ रही थी।

खेत में पड़ी हुई थी 10 मवेशियों की लाश, गिद्ध मंडरा रहे थे।
लोगों ने बताया कि पशु चारा चरने के लिए मैदान में आए होंगे, जहां उन्होंने खुले में पड़ी एक्सपायरी दवाओं का सेवन कर लिया होगा। इसकी वजह से उनकी जान चली गई। फिलहाल पशु मालिकों का पता नहीं चल सका है।

जांच के लिए जब गुरुवार को पशु चिकित्सक पहुंचे, तो न मिली एक्सपायरी डेट की दवाईयां और न तो मवेशियों की लाश।
इधर सोशल मीडिया से घटना की जानकारी एसडीएम नरेंद्र बंजारा को हुई, जिस पर उन्होंने पशु चिकित्सा अधिकारी को जांच करने के आदेश दिए। पशु चिकित्सक एस एन अग्रवाल का कहना है कि जब गुरुवार को वे जांच के लिए पहुंचे, तो घटनास्थल पर एक ही मृत मवेशी के अवशेष नहीं मिले। उन्होंने कहा कि एक्सपायरी दवाओं को भी जमीन के अंदर गाड़ दिया गया है। उन्होंने कहा कि अज्ञात आरोपी ने सबूत मिटाने के लिए मृत मवेशियों और दवाईयों दोनों को हटा दिया है। अब वो जगह बिल्कुल खाली पड़ी हुई है। बता दें कि जहां पर एक्सपायरी दवाओं को फेंका गया था, उससे थोड़ी ही दूर पर धान खरीदी का फड़ भी है।





