चंडीगढ़/लुधियाना: केंद्रीय जांच एजेंसी ED ने पंजाब की आम आदमी पार्टी (AAP) सरकार के मंत्री संजीव अरोड़ा को मनी लॉन्ड्रिंग के केस में गिरफ्तार कर लिया है। शनिवार सुबह हुई रेड के वक्त वह चंडीगढ़ के सेक्टर 2 स्थित अपनी सरकारी कोठी पर ही थे।
इसके बाद करीब 10 घंटे की पूछताछ की गई। जिसके बाद शाम करीब 5 बजे ED की टीम चंडीगढ़ और हरियाणा नंबर की गाड़ियों में उन्हें दिल्ली ले गई। आगे की पूछताछ उनसे दिल्ली में ही होगी। उनकी रात ED के लॉकअप में बीतेगी।
ED ने शनिवार सुबह ही मंत्री अरोड़ा पर रेड चंडीगढ़ में उनके सरकारी घर, दिल्ली और गुरुग्राम के 5 ठिकानों में हुई है। ED ने खुलासा किया कि अरोड़ा ने अपनी फर्मों के जरिए मोबाइल खरीद की करीब 157.12 करोड़ रुपए की फर्जी बिक्री और शेल कंपनियों के माध्यम से फर्जी एक्सपोर्ट किए।
इसके अलावा दुबई से भारत में अवैध रकम की राउंड-ट्रिपिंग के लिए इन सामानों के एक्सपोर्ट का इस्तेमाल किया। फर्जी इनपुट टैक्स क्रेडिट (ITC) और एक्सपोर्ट पर GST रिफंड तथा ड्यूटी ड्रॉबैक लेने के लिए दिल्ली की गैर-मौजूद फर्मों से कई फर्जी GST खरीद बिल हासिल किए गए। इससे सरकारी खजाने को नुकसान पहुंचा और व्यक्तिगत लाभ कमाया गया।

चंडीगढ़ के सेक्टर 2 में स्थित मंत्री अरोड़ा के ठिकाने पर ED टीम की 15 गाड़ियां एक साथ पहुंची।
ED के जाल में कैसे फंसे अरोड़ा, कौन सी संपत्तियां अटैच हुईं…
ED सोर्सेस के मुताबिक 157.12 करोड़ रुपए के फर्जी एक्सपोर्ट से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग केस में हैम्पटन स्काई रियल्टी लिमिटेड और मंत्री संजीव अरोड़ा से जुड़ी संस्थाओं के बैंक खातों, डीमैट होल्डिंग्स और अचल संपत्तियों को अस्थायी रूप से जब्त कर लिया गया है। यह अटैचमेंट के आदेश 19 अप्रैल को विदेशी मुद्रा प्रबंधन अधिनियम (FEMA), 1999 की धारा 37(3) और आयकर अधिनियम की धारा 132(9B) के तहत जारी किए गए थे। जिसके तहत जांच को सही ढंग से सिरे चढ़ाने के लिए 180 दिन के लिए यह अटैचमेंट की गई है।
ED ने यह कार्रवाई 17 अप्रैल को गुरुग्राम के उद्योग विहार स्थित हैम्पटन स्काई रियल्टी लिमिटेड के परिसर, उसके प्रमुख शेयरधारक मेसर्स फाइंडोक फिनवेस्ट प्राइवेट लिमिटेड के कार्यालयों और संजीव अरोड़ा, काव्या अरोड़ा, हेमंत सूद और चंद्र शेखर से जुड़े स्थानों पर की गई तलाशी और जब्ती कार्रवाई के बाद की। इस संबंध में सामने आए अंतरिम कुर्की आदेश के अनुसार, कंपनी ने अपने निदेशकों, कर्मचारियों और संबंधित व्यक्तियों के साथ मिलीभगत करके, फर्जी बिक्री और निर्यात को दर्शाने के लिए कथित तौर पर शेल संस्थाओं के एक नेटवर्क के माध्यम से फर्जी खरीद चालान तैयार किए।
ईडी ने आरोप लगाया कि 157.12 करोड़ रुपये के कुल घोषित एक्सपोर्ट के मुकाबले, 102.50 करोड़ रुपये के लेनदेन केवल UAE स्थित दो संस्थाओं – मेसर्स फोर्टबेल टेलीकॉम FZCO और मेसर्स ड्रैगन ग्लोबल FZCO के माध्यम से किए गए थे। ED ने आगे दावा किया है कि फोर्टबेल टेलीकॉम FZCO, मेसर्स फोर्टबेल गैजेट्स प्राइवेट लिमिटेड से जुड़ी है। जिसके मालिक हेमंत सूद और चंदर शेखर हैं।
इससे एजेंसी को जांच में संबंधित विदेशी संस्थाओं के माध्यम से धन की “राउंड-ट्रिपिंग” का संदेह पैदा हुआ है, जो कि FEMA की धारा 7 और FEMA (माल और सेवाओं का निर्यात) विनियम, 2015 के विनियम 9 के कथित उल्लंघन का मामला है। जब्त की गई संपत्तियों में हैम्पटन स्काई रियल्टी लिमिटेड के कई बैंक खाते, काव्या अरोरा के डीमैट खाते और म्यूचुअल फंड होल्डिंग्स के अलावा लुधियाना, मोहाली और गुरुग्राम में स्थित अचल संपत्तियां शामिल हैं। इसके अलावा ED अब विदेशी मुद्रा संबंधी कथित उल्लंघनों की चल रही जांच के तहत, ईडी संबंधित फर्मों और व्यक्तियों से जुड़े वित्तीय लेन-देन और गतिविधियों की भी जांच कर रही है।

अरोड़ा की गिरफ्तारी पर 3 बड़े बयान
- केजरीवाल ने कहा- पार्टी तोड़ने की कोशिश: मंत्री पर रेड के तुरंत बाद AAP सुप्रीमो अरविंद केजरीवाल ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर कहा कि मोदी राज में एजेंसियों का इस्तेमाल किया जा रहा है। पंजाब के लोगों के साथ पीएम मोदी धक्का कर रहे हैं। ED को पार्टी तोड़ने में लगाया है, किसी मनी लॉन्ड्रिंग को पकड़ने के लिए नहीं।
- सीएम मान बोले- रेड का मकसद BJP जॉइन कराना: CM भगवंत मान ने कहा, ED रेड का मकसद ब्लैक मनी पकड़ना नहीं बल्कि भाजपा जॉइन कराना है। कुछ दिन पहले अशोक मित्तल के घर रेड की। 2 दिन रेड चली, तीसरे दिन मित्तल ने भाजपा जॉइन कर ली। BJP का असली मतलब भारत जलाओ पार्टी है।
- राघव चड्ढा बोले- यह सबसे बड़ी लूट: सांसद राघव चड्ढा ने कहा कि पंजाब को रंगला बनाने का सपना दिखाकर AAP ने कंगला बनाने का काम किया है। लोगों ने पंजाब को चलाने का मेंडेट दिया था, लूटने का नहीं। हमने पहले ही कहा था कि यह भ्रष्ट लोगों की पार्टी बन गई है। तब हमें चुप करा दिया। अगर ईमानदारी का पैसा होता तो कोई 21 लाख रुपए बिल्डिंग से नहीं फेंकता। डॉक्यूमेंट्स से पता चला कि UAE, कनाडा और ऑस्ट्रेलिया में फर्जी कंपनियां बनाकर रुपए की राउंड ट्रिपिंग कराई गई। यह सबसे बड़ी लूट है।
पिछले महीने भी ठिकानों पर दबिश दी थी
करीब 20 दिन पहले भी मंत्री संजीव अरोड़ा और उनके 2 पार्टनर के लुधियाना और जालंधर के ठिकानों पर ED ने रेड की थी। अधिकारियों ने बताया था कि संजीव अरोड़ा पर अपने राजनीतिक प्रभाव के जरिए पंजाब में अवैध सट्टेबाजी (बेटिंग) संचालकों को संरक्षण देने का संदेह है, ताकि उनके मुनाफे में हिस्सा लिया जा सके।
उन पर यह भी आरोप था कि वह अपनी कंपनियों और कई एंट्री ऑपरेटरों का इस्तेमाल कर सट्टेबाजों के बेहिसाब पैसे को वैध निवेश में बदल रहे हैं। वह मनी लॉन्ड्रिंग में सहायता कर रहे थे। अधिकारियों के अनुसार, संजीव अरोड़ा की कंपनियां कई फर्जी निर्यात बिल बुक करने, संयुक्त अरब अमीरात (UAE) से फंड की राउंड-ट्रिपिंग करने और नॉन-एग्जिस्टेंट जीएसटी संस्थाओं से फर्जी खरीदारी दिखाने के मामले में भी जांच के दायरे में हैं।

(Bureau Chief, Korba)




