रायपुर : ऑनलाइन टोकन व्यवस्था से खत्म हुई भीड़, समय पर तौल और भुगतान से किसानों का सरकार पर बढ़ा भरोसा

              • किसान यशवंत साहू बोले अब खरीदी प्रक्रिया हुई सहज और पारदर्शी

              रायपुर: प्रदेश में जारी धान खरीदी तिहार इस साल किसानों के लिए राहत, विश्वास और संतुष्टि का प्रतीक बन गया है। बेमेतरा जिले के ग्राम खाती निवासी किसान यशवंत साहू ने बताया कि सरकार की सुव्यवस्थित और पारदर्शी प्रणाली के कारण धान बेचने का अनुभव पहले से कहीं अधिक सहज रहा। उन्होंने पदुमसरा धान खरीदी केंद्र में कुल 192 क्विंटल धान बेचा और प्रशासनिक इंतज़ामों की सराहना की।

              यशवंत साहू ने कहा कि “इस बार ऑनलाइन टोकन व्यवस्था के कारण केंद्रों में अनावश्यक भीड़ नहीं दिखती। तय समय पर पहुंचने से तुरंत तौल शुरू हो जाती है। इससे किसानों का समय और मेहनत दोनों बच रहे हैं।” उन्होंने आगे कहा कि खरीदी केंद्र में तौल, गुणवत्ता परीक्षण, भुगतान प्रक्रिया और लाइन व्यवस्था सभी पहले की तुलना में काफी सुचारू है। पेयजल, बैठने की जगह और साफ-सफाई की बेहतर व्यवस्था से किसानों को आरामदायक माहौल मिल रहा है। उन्होंने प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा कि “धान विक्रय में इस बार कोई दिक्कत नहीं आई, सारी प्रक्रिया सहज और बिना किसी बाधा के पूरी हुई।”

              सरकार द्वारा इस वर्ष 3100 रुपये प्रति क्विंटल समर्थन मूल्य निर्धारित किया गया है। यशवंत साहू ने कहा कि बैंक खाते में सीधे भुगतान मिलने से किसानों को आर्थिक राहत मिली है। यह राशि वे अपने खेत में नई सिंचाई पाइपलाइन और बीज उपचार मशीन लगाने में निवेश करेंगे, जिससे आगामी सीजन में उत्पादन बढ़ेगा।

              गाँव के अन्य किसानों ने भी पदुमसरा केंद्र की व्यवस्थाओं की तारीफ की। उनका कहना था कि इस बार खरीदी केंद्रों में भ्रम, भीड़ और लंबा इंतज़ार जैसी समस्याएँ लगभग समाप्त हो गई हैं। बेहतर प्रबंधन, तकनीकी पारदर्शिता और किसान हितैषी नीतियों ने खरीदी तिहार को वास्तव में किसानों के लिए उत्सव जैसा अनुभव बना दिया है। बेमेतरा जिले में जारी यह सुव्यवस्थित खरीदी न केवल किसानों में भरोसा बढ़ा रही है, बल्कि प्रदेश की कृषि व्यवस्था को भी अधिक मजबूत और संगठित बना रही है।


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