बिहार: सासाराम में सासाराम-आरा-पटना पैैसेंजर (ट्रेन नंबर 53212) में सोमवार को अचानक आग लग गई। आग ट्रेन की जनरल बोगी D3 में लगी थी। इसके बाद बोगी से धुआं और लपटें उठने लगीं।
घटना के समय ट्रेन 6 नंबर प्लेटफॉर्म पर खड़ी थी। आग लगते ही यात्रियों के बीच भगदड़ जैसी स्थिति उत्पन्न हो गई। लोग अपनी जान बचाने के लिए जल्दबाजी में ट्रेन से उतरने लगे। कई यात्री अपना सामान छोड़कर प्लेटफॉर्म की ओर भागे।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, पहले कोच के अंदर से तेज जलने की गंध महसूस हुई। इसके बाद बोगी के भीतर धुआं भरने लगा और आग की लपटें दिखाई दीं।
कल यानी रविवार को त्रिवेंद्रम से हजरत निजामुद्दीन (दिल्ली) जा रही राजधानी एक्सप्रेस (गाड़ी संख्या 12431) में आग लगी थी। आग ट्रेनएसी कोच बी-1 में आलोट के पास लूणी रीछा-विक्रमगढ़ स्टेशन के बीच सुबह करीब 5:15 बजे लगी थी।
अब घटना से जुड़ी तस्वीरें देखिए….

भभुआ-सासाराम ट्रेन की D3 बोगी में आग लगी थी।

ट्रेन में आग लगने के बाद यात्री सामान छोड़कर ट्रेन से भाग निकले।

1 घंटे के सासाराम स्टेशन पर भगदड़ के हालात बन गए।

फायर ब्रिगेड मौके पर पहुंची और आग पर तेजी से काबू पा लिया।
यात्री बैठे थे, ट्रेन खुलने वाली थी और आग लगी
ट्रेन सुबह 6.45 से सासाराम से खुलने वाली थी। बोगी में आग ट्रेन खुलने से पहले लग गई थी। इस दौरान यात्री ट्रेन में बैठे हुए थे।
घटना की जानकारी तुरंत रेलवे कर्मियों की दो गई। फौरन मौके पर आरपीएफ और दमकल विभाग की टीम पहुंच गई और आग पर काबू पा लिया गया।
सभी यात्रियों को बोगी से सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया और किसी के घायल होने की सूचना नहीं है। जिस बोगी में आग लगी थी, उसे ट्रेन से अलग कर दिया गया है।
इसके बाद ट्रेन ऑपरेशन को सामान्य करने की प्रक्रिया शुरू की गई। शुरुआती जांच में तकनीकी खराबी या शॉर्ट सर्किट से आग लगने की बात कही जा रही है।
आग लगने के बाद ट्रेन को रद्द कर दिया गया है। सासाराम स्टेशन के प्लेटफार्म नंबर 6 पर किसी भी यात्री को जाने नहीं दिया जा रहा है। प्लेटफॉर्म अभी खाली करवा दिया गया है।
यात्री बोले- सामान छोड़कर भागे
ट्रेन में बैठे लोगों का कहना है कि, ट्रेन 6.45 में खुलने वाली थी। हम लोग ट्रेन खुलने का इंतजार कर रहे थे, तभी D3 बोगी से धुंआ उठने लगा। हमलगो कुछ समझ पाते, तब तब आग की तेज लपटें उठने लगीं। बोगी में बैठे लोग सामान छोड़कर बोगी से निकल गए।
जिस बोगी में आग लगी थी, उसके अगल-बगल की बोगी के लोग भी ट्रेन से उतर कर स्टेशन की तरफ भाग गए। स्टेशन पर मौजूद लोगों का कहना है कि, ट्रेन में लगी आग को काबू करने में एक घंटा का वक्त लग गया।
20 से ज्यादा कर्मचारियों ने आग पर पाया काबू
RPF के अधिकारियों ने बताया, आग लगने की सूचना मिलते ही तुरंत कर्मचारी मौके पर पहुंच गए। फायर ब्रिगेड का भी सूचना दे दी गई थी। वहां से एक गाड़ी आग बुझाने के लिए आई थी। हमारे पास रेलवे की पाइप लाइन में पर्याप्त पानी था।
ट्रेन की जिस बोगी में आग लगी थी। उसके लेफ्ट और राइट साइड से कर्मचारी रेलवे के पाइप लाइन से पानी डाल रहे थे। फायर ब्रिगेड भी आग बुझाने में जुट गई।
इस दौरान 4 से 5 बार आग धधकी, लेकिन कर्मचारी उसे बुझाने में लगे रहे। 30 मिनट में बाहर की आग पर काबू पा लिया गया। इसके बाद कर्मचारी एक-एक कर अंदर कोच में गए और वहां लगी आग पर काबू पाया।
करीब 1 घंटे में पूरी आग बुझ गई। इसमें 20 से ज्यादा रेलवे के कर्मचारी लगे थे। कोच के अंदर यात्रियों के बैठने के लिए बनी सीटों में लगी आग से कोच अंदर से भी पूरा जल गया।

बोगी पूरी तरह से जल गई है। आग के बाद बोगी के अंदर की तस्वीर।
RPF ने कहा- हादसे की जांच जारी है
वहीं RPF इंस्पेक्टर संजीव कुमार ने बताया, ‘इस मामले की जांच की जा रही है की आग कैसे लगी, जान-माल का नुकसान नहीं हुआ है, एक घंटे में आग पर काबू पा लिया गया, एक कोच में आग लगी थी जिसे बुझा दिया गया है।
CPRO ईस्ट सेंट्रल रेलवे सरस्वती चंद्र ने बताया, ‘आज सुबह सासाराम-पटना पैसेंजर ट्रेन सासाराम में खड़ी थी। उसके एक कोच में आग लगने की सूचना मिली। आग पर तुरंत काबू पा लिया गया। किसी भी तरह की जान-माल की क्षति नहीं हुई है। घटना की विस्तृत जांच की जा रही है।’

(Bureau Chief, Korba)




