एक हजार रुपये की मासिक सहायता से पोषण और बचत को मिला नया आधार
कोरबा (BCC NEWS 24): आर्थिक आत्मनिर्भरता की दिशा में बढ़ते छोटे-छोटे कदम परिवार के जीवन में बड़ा बदलाव लाते हैं। छत्तीसगढ़ शासन की महतारी वंदन योजना से मिलने वाली नियमित आर्थिक सहायता महिलाओं को अपनी आवश्यकताओं के अनुरूप खर्च करने और परिवार के भविष्य के लिए बचत करने का अवसर दे रही है। ग्राम कापूबहरा, विकासखंड पोड़ी उपरोड़ा की श्रीमती पूर्णिमा खुसरो के जीवन में भी इस योजना से आर्थिक प्रबंधन की नई राह खुली है।
श्रीमती पूर्णिमा खुसरो, पति श्री विक्रम खुसरो बताती हैं, “महतारी वंदन योजना का लाभ मिलने से पहले घर की जरूरतों के बीच बच्चों के स्वास्थ्य और पोषण के लिए अलग से पैसे निकालना और भविष्य के लिए बचत करना संभव नहीं हो पाता था। आमदनी से घर की जरूरतें पूरी करने में ही पैसे खर्च हो जाते थे। अब हर महीने एक हजार रुपये की सहायता सीधे मेरे बैंक खाते में आती है, जिससे मैं बच्चों की जरूरतों का ध्यान रखने के साथ उनके भविष्य के लिए भी बचत कर पा रही हूं।”
वे बताती हैं कि योजना से मिलने वाली राशि का उपयोग उन्होंने सोच-समझकर तय किया है। हर महीने 500 रुपये बच्चों के स्वास्थ्य एवं पोषण पर खर्च करती हैं और शेष 500 रुपये सुकन्या समृद्धि योजना में जमा करती हैं। इससे बच्चों के खानपान और स्वास्थ्य संबंधी जरूरतों को पूरा करने में मदद मिलती है। साथ ही, नियमित बचत के माध्यम से उनके भविष्य को सुरक्षित बनाने की दिशा में भी प्रयास जारी है।
श्रीमती पूर्णिमा खुसरो कहती हैं, “पहले अलग से बचत करने के लिए पैसे नहीं बच पाते थे। अब महतारी वंदन योजना से मिलने वाली राशि ने मुझे अपने बच्चों के लिए नियमित रूप से कुछ पैसे बचाने का अवसर दिया है। हर महीने बच्चों के पोषण के लिए राशि खर्च कर पाती हूं और उनके भविष्य के लिए भी पैसे जमा कर रही हूं। इससे मुझे संतोष मिलता है कि आज की जरूरतों के साथ बच्चों के आने वाले कल के लिए भी कदम उठा रही हूं।”
वे इस सहायता के लिए प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी एवं मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहती हैं कि महतारी वंदन योजना महिलाओं को आर्थिक सहयोग देने के साथ उन्हें अपने परिवार की जरूरतों और बच्चों के भविष्य के संबंध में बेहतर निर्णय लेने का अवसर प्रदान कर रही है। योजना से प्राप्त राशि का सदुपयोग कर वे बच्चों के स्वास्थ्य, पोषण और शिक्षा से जुड़े भविष्य के लिए नियमित बचत करने की दिशा में निरंतर प्रयासरत हैं।

(Bureau Chief, Korba)





