नैनो उर्वरकों से बेहतर उत्पादन और मृदा स्वास्थ्य को मिल रहा लाभ
कोरबा (BCC NEWS 24): मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के सुशासन में किसानों को आगामी खरीफ सीजन के दौरान किसी प्रकार की परेशानी न हो, इसके लिए जिला प्रशासन द्वारा व्यापक स्तर पर तैयारियां सुनिश्चित की गई हैं। जिले की सहकारी समितियों के माध्यम से किसानों के लिए खाद एवं बीज का पर्याप्त भंडारण किया गया है, जिससे कृषकों को समय पर आवश्यक कृषि आदान सामग्री उपलब्ध हो रही है। किसान अपनी आवश्यकता के अनुसार खाद एवं बीज प्राप्त कर रहे हैं तथा उन्हें किसी प्रकार की कठिनाई का सामना नहीं करना पड़ रहा है।
इसी क्रम में कोरबा जिले के ग्राम ढेलवाडीह निवासी कृषक श्री छेदीलाल उरांव ने विकासखंड सोनपुरी स्थित सहकारी समिति से आगामी खरीफ फसल की तैयारी हेतु खाद एवं बीज प्राप्त किया। लगभग 5 एकड़ कृषि भूमि में खेती करने वाले श्री उरांव का परिवार पूरी तरह कृषि पर आधारित है। छह से सात सदस्यों वाले उनके परिवार की आजीविका का प्रमुख साधन खेती है तथा वे मुख्य रूप से धान की खेती करते हैं।
श्री उरांव ने बताया कि उन्होंने आगामी खरीफ सीजन के लिए यूरिया एवं डीएपी उर्वरक प्राप्त कर लिया है। इसके साथ ही वे एक एकड़ भूमि में हरित खाद के रूप में ढैंचा एवं मूंग की खेती करेंगे, जिससे भूमि की उर्वरता बढ़ाने में सहायता मिलेगी। उन्होंने बताया कि पूर्व में उन्होंने नैनो यूरिया का उपयोग किया था, जिसके सकारात्मक परिणाम सामने आए और फसल उत्पादन में वृद्धि दर्ज की गई। उन्होंने नैनो डीएपी के उपयोग के अपने अनुभव साझा करते हुए बताया कि पिछले वर्ष इसके प्रयोग से उन्हें बेहतर लाभ प्राप्त हुआ। उनके अनुसार नैनो डीएपी न केवल पौधों तक पोषक तत्वों की त्वरित एवं प्रभावी उपलब्धता सुनिश्चित करता है, बल्कि मिट्टी की उर्वरा शक्ति और जैविक संतुलन को बनाए रखने में भी सहायक है। यह उर्वरक पर्यावरण संरक्षण के साथ-साथ टिकाऊ कृषि पद्धतियों को बढ़ावा देता है तथा कृषि लागत को नियंत्रित करने में भी मददगार सिद्ध हो रहा है। श्री उरांव ने कहा कि आधुनिक कृषि तकनीकों और नैनो उर्वरकों के उपयोग से खेती अधिक लाभकारी बन रही है। उन्होंने किसानों को समय पर खाद-बीज उपलब्ध कराने तथा कृषि क्षेत्र को सशक्त बनाने के लिए मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि यह पहल किसानों को आत्मनिर्भर, आधुनिक एवं समृद्ध कृषि की दिशा में आगे बढ़ाने का महत्वपूर्ण प्रयास है।

(Bureau Chief, Korba)




